Wednesday, April 21, 2010

IMPOSSIBLE IS NOTHING


" IMPOSSIBLE IS NOTHING.

IMPOSSIBLE IS JUST A BIG WORD THROWN

AROUND BY A SMALL MEN WHO FIND IT EASIER

TO LIVE IN THE WORLD THEY'VE BEEN GIVEN

THAN TO EXPLORE THE POWER THEY HAVE TO

CHANGE IT. IMPOSSIBLE IS NOT A FACT. IT'S

AN OPINION. IMPOSSIBLE IS NOT A

DECLARATION. IT'S A DARE. IMPOSSIBLE IS

POTENTIAL. IMPOSSIBLE IS TEMPORARY.


IMPOSSIBLE IS NOTHING".

जब मैं छोटा था..... शायद अब रिश्ते बदल रहें हैं......


जब मैं छोटा था,
शायद दुनिया बहुत बड़ी हुआ करती थी...
मुझे याद है मेरे घर से "स्कूल" तक का वो रास्ता,
क्या क्या नहीं था वहां,
छत के ठेले, जलेबी की दुकान, बर्फ के गोले, सब कुछ,
अब वहां "मोबाइल शॉप", "विडियो पार्लर" हैं, फिर भी सब सूना है....
शायद अब दुनिया सिमट रही है......

जब मैं छोटा था,
शायद शामे बहुत लम्बी हुआ करती थी....
मैं हाथ में पतंग की डोर पकडे, घंटो उडा करता था,
वो लम्बी "साइकिल रेस", वो बचपन के खेल,
वो हर शाम थक के चूर हो जाना,
अब शाम नहीं होती, दिन ढलता है और सीधे रात हो जाती है..........
शायद वक्त सिमट रहा है........

जब मैं छोटा था,
शायद दोस्ती बहुत गहरी हुआ करती थी,
दिन भर वो हुज़ोम बनाकर खेलना,
वो दोस्तों के घर का खाना, वो लड़किया, वो साथ रोना,
अब भी मेरे कई दोस्त हैं, पर दोस्ती जाने कहाँ है,
जब भी "ट्रेफिक सिग्नल" पे मिलते हैं "हाई" करते हैं,
और अपने अपने रास्ते चल देते हैं,
जब मैं छोटा था,
शायद दुनिया बहुत बड़ी हुआ करती थी...
मुझे याद है मेरे घर से "स्कूल" तक का वो रास्ता,
क्या क्या नहीं था वहां,
छत के ठेले, जलेबी की दुकान, बर्फ के गोले, सब कुछ,
अब वहां "मोबाइल शॉप", "विडियो पार्लर" हैं, फिर भी सब सूना है....
शायद अब दुनिया सिमट रही है......

शायद अब रिश्ते बदल रहें हैं......
शायद शामे बहुत लम्बी हुआ करती थी....
मैं हाथ में पतंग की डोर पकडे, घंटो उडा करता था,
वो लम्बी "साइकिल रेस", वो बचपन के खेल,
वो हर शाम थक के चूर हो जाना,
अब शाम नहीं होती, दिन ढलता है और सीधे रात हो जाती है..........
शायद वक्त सिमट रहा है........

जब मैं छोटा था,
शायद दोस्ती बहुत गहरी हुआ करती थी,
दिन भर वो हुज़ोम बनाकर खेलना,
वो दोस्तों के घर का खाना, वो लड़किया, वो साथ रोना,
अब भी मेरे कई दोस्त हैं, पर दोस्ती जाने कहाँ है,
जब भी "ट्रेफिक सिग्नल" पे मिलते हैं "हाई" करते हैं,
और अपने अपने रास्ते चल देते हैं,
शायद अब रिश्ते बदल रहें हैं......

Sunday, April 18, 2010

कभी GOOD BYE मत कहना



दोस्ती सच्ची हो तो वक़्त रूक जाता है
आसमा लाख ऊंचा ही मगर झुक जाता है
दोस्ती
में दुनिया लाख बने रूकावट
अगर दोस्त सच्चा तो खुदा भी झुक जाता है.
दोस्ती
वो एहसास है जो मिटता नहीं
दोस्ती वो पर्वत है जो झुकता नहीं
इसकी
कीमत क्या पूछो हमसे
ये वो अनमोल मोती है जो बिकता नहीं
सच्ची है
दोस्ती आजमा के देखो
करके यकीन मुझपे मेरे पास आके देखो
बदलता नहीं
कभी सोना अपना रंग कभी
चाहे जितनी बार आग में जला कर के देखो
दर्द
जितना सहा जाये उतना ही सहना
दिल जो लग जाये वो बात न कहना
मिलते है
हमारे जैसे दोस्त बहुत कम इसलिये
कभी GOOD BYE मत कहना

♥MaNtHaN ArYaN (๏̯͡๏)..is Here.!

एक ऐसा गीत गाना चाह्ता हूं, मैं..

खुद से बेख़बर
मैं क्या बता सकता हूँ ?

एक
ऐसा गीत गाना चाह्ता हूं, मैं..
खुशी हो या गम, बस मुस्कुराना चाह्ता
हूं, मैं..

दोस्तॊं से दोस्ती तो हर कोई निभाता है..
दुश्मनों को
भी अपना दोस्त बनाना चाहता हूं, मैं..

जो हम उडे ऊचाई पे अकेले, तो
क्या नया किया..
साथ मे हर किसी के पंख फ़ैलाना चाह्ता हूं, मैं..

वोह
सोचते हैं कि मैं अकेला हूं उन्के बिना..
तन्हाई साथ है मेरे, इतना
बताना चाह्ता हूं..

ए खुदा, तमन्ना बस इतनी सी है.. कबूल करना..
मुस्कुराते
हुए ही तेरे पास आना चाह्ता हूं, मैं..

बस खुशी हो हर पल, और
मेहकें येह गुल्शन सारा "अभी"..
हर किसी के गम को, अपना बनाना चाह्ता
हूं, मैं..

एक ऐसा गीत गाना चाह्ता हूं, मैं..
खुशी हो या गम, बस
मुस्कुराना चाह्ता हूं, मैं

कुछ पल के लिए अपनी आवाज़ में खो जाना चाहता हूँ ..



समुंदर के किनारे बैठकर जोर से चिल्लाना चाहता हूँ
कुछ पल के लिए अपनी आवाज़ मैं खो जाना चाहता हूँ

सबकी सुनकर थक गया हूँ अपनी भी किसी को सुननना चाहता हूँ
जिम्मेदारियों से नहीं कतराता पर इंसान हूँ कुछ वक़्त चैन से मै भी बिताना चाहता हूँ

रोज़ की उलझनों से दूर होकर बिना उलझनों के कुछ लम्हे जीना चाहता हूँ
बच्चो के जैसे हर चोट्टी बात पर खुलकर हसना चाहता हूँ

शाकी के हाथो दो जाम होठों से लगाना चाहता हूँ
हर गम को हमेशा के लिएभुलाना चाहता हूँ

हकीकत को भूल सपनो की दुनिया में जाना चाहता हूँ
प्यार भरी दुनिया में भी अजमाना चाहता हूँ
थोडी देर जिंदगी,ऐसे पलो में बिताना चाहता हूँ

हवा में उड़ने के लिए दो पंख लगाना चाहता हूँ
झूठा ही सही पर ख़ुशी का एक बहाना चाहता हूँ

दोस्तों के साथ बितायी यादें फिर से दहुराना चाहता हूँ
मस्ती में कुछ पल में भी गवाना चाहता हूँ

किसी के प्यार पर में भी इतराना चाहता हूँ
गले लगाकर उससे ये बताना चाहता हूँ

प्यार भरा ये रिश्ता उसके साथ निभाना चाह्ता हूँ
अपने नाम के साथ उसका नाम लिखवाना चाहता हूँ
फूलो भरा हार उससे ही पहनना चाहता हूँ
खुशियों का ऐसा घर बसना चाहता हूँ

कुछ पल के लिए अपनी आवाज़ में खो जाना चाहता हूँ ..


हमारी आह से पानी मे भी अंगारे दहक जाते हैं ;
हमसे मिलकर मुर्दों के भी दिल धड़क जाते हैं ..
गुस्ताख़ी मत करना हमसे दिल लगाने की साकी ;
हमारी नज़रों से टकराकर मय के प्याले चटक जाते हैं....



.........♥MaNtHaN ArYaN (๏̯͡๏)..is Here.!


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jyada khud ki tareef nahi karta hun

अल्फ़ाज़ों मैं वो दम कहाँ जो बया करे शख़्सियत हमारी,
रूबरू होना है तो आगोश मैं आना होगा,
यूँ देखने भर से नशा नहीं होता जान लो साकी,
हम इक ज़ाम हैं हमें होंठो से लगाना होगा

शोला हूं भडक्ने की गुज़ारिश नहीं करता
सच मुह से निकल जाता है कोशिश नहीं करता

गिरती हुई दीवार का हमदर्द हूं लेकिन
चढ्ते हुए सूरज की परस्तीश नहीं करता

माथे के पसीने की महक आए ना जैस से
वो खून मेरे जिस्म में गर्दिश नहीं करता

हमदर्द ये एहबाब से डरता हून 'मुज़फ़्फ़र'
मैं ज़ख़्म तो रखता हू नुमाइश नहीं करता


.........♥MaNtHaN ArYaN (๏̯͡๏)..is Here.!

कह दो दोस्तों ये दुबारा कब होगा



Make a Friend after better understanding But don't loose any Friend after a misunderstanding...........!"


ऐसे दोस्त कहाँ मिलेंगे जो खाई में भी धक्का दे आयें ,
पर फिर तुम्हें बचाने खुद भी कूद जायें .

मेरे गानों से परेशान कौन होगा ,
कभी मुझे किसी लड़की से बात करते देख हैरान कौन होगा ,

कौन कहेगा साले तेरे joke पे हंसी नहीं आई ,
कौन पीछे से बुला के कहेगा ..आगे देख भाई .

अचानक बिन मतलब के किसी को भी देख कर पागलों की तरह हँसना ,
न जाने ये फिर कब होगा .

दोस्तों के लिए प्रोफ़ेसर से कब लड़ पाएंगे ,
क्या हम ये फिर कर पाएंगे ,

कौन मुझे मेरे काबिलियत पर भरोसा दिलाएगा ,
और ज्यादा हवा में उड़ने पर ज़मीन पे लायेगा ,

मेरी ख़ुशी में सच में खुश कौन होगा ,
मेरे गम में मुझ से ज्यादा दुखी कौन होगा ...

कह दो दोस्तों ये दुबारा कब होगा


"Give thousand chances to your enemy to become your friend, But don't give a single chance to ur friend to become ur enemy"

"If u trust some 1, trust till the end;
whatever the results may be. In the end, either U will have a very Good
Friend or a very Good"

..........♥MaNtHaN ArYaN (๏̯͡๏)..is Here.!

Tuesday, October 13, 2009

But your attitude should be positive :)


http://anaryan.hi5.com

ultimate:
gud one:
Father : "I want you to marry a girl of my choice"
Son : "I will choose my own bride!"
Father : "But the girl is Bill Gates's daughter."
Son : "Well, in that case...ok"

Next - Father approaches Bill Gates.
Father : "I have a husband for your daughter."
Bill Gates : "But my daughter is too young to marry!"
Father : "But this young man is a vice-president of the World Bank."
Bill Gates : "Ah, in that case...ok"

Finally Father goes to see the president of the World Bank.
Father : "I have a young man to be recommended as a vice-president."
President : "But I already have more vice- presidents than I need!"
Father : "But this young man is Bill Gates's son-in-law."
President : "Ah, in that case...ok"

This is how business is done!!

Moral:Even If you have nothing
You can get Anything.
But your attitude should be positive :)